एक ज़िद्दी धुन
जी को लगती है तेरी बात खरी है शायद / वही शमशेर मुज़फ़्फ़रनगरी है शायद
Sunday, August 26, 2012
साहित्यिक चोरी का `सितारा`
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पाकिस्तान ने हिंदुस्तानी `लेखक` गोपीचंद नारंग को इसी महीने अपने स्वतंत्रता दिवस (14 अगस्त) के मौके पर अपने तीसरे सबसे बड़े नागरिक सम्...
Tuesday, August 14, 2012
खूनी खाप पंचायतें, अब भेड़ की खाल में...
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रविवार 15 जुलाई 2012 के हिंदी अखबारों के मुखपृष्ठ खापमय हो गए थे। उस दिन मैं पश्चिमी उत्तर प्रदेश के शामली इलाके के अपने गांव हसनपुर...
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Monday, August 13, 2012
सीपीएम से अलबीना (Albeena Shakil) के निष्कासन के विरोध में बयान
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भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (मार्क्सवादी) यानी सीपीआई (एम) में रहना है तो खामोश रहो (केरल में लोकप्रिय नेता अच्युतानंद को प्र...
Monday, July 23, 2012
पहाड़ों का विनाश और लीलाधर बुद्धिजीवियों की जुगाड़ी कलाबाजी
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समाचार-संदर्भ : हिमालयः बसेगा तो बचेगा Author: चारु तिवारी (समयांतर) Edition : July 2012 उत्तराखंड के पहाड़ों से इन दिनों खतरन...
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