एक ज़िद्दी धुन
जी को लगती है तेरी बात खरी है शायद / वही शमशेर मुज़फ़्फ़रनगरी है शायद
Saturday, November 5, 2016
कम्बख़्त दस्तावेज़ `पासपोर्ट` और नानी का इंतिक़ाल
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( सईद नक़वी की पुस्तक ‘ बीइंग दि अदर: दि मुस्लिम इन इण्डिया` (अलिफ़ बुक कंपनी, 2016) के एक अध्याय ‘ग्रोइंग अप इन अवध’’ का हिस्सा ) ...
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Wednesday, September 28, 2016
सुधीश पचौरी और संपादक की बीमार मानसिकता का विरोध
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फोटो 5 अक्तूबर 2013 के उसी कार्यक्रम का है जिसे सुधीश पचौरी बर्दाश्त नहीं कर सका था। हमारे प्यारे कवि वीरेन डंगवाल की बीमारी को ...
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