
`द हिन्दू` में एक छोटा सा ख़त छपा है दिल्ली के त्रिलोचन सिंह जी का। स्वतंत्रता सेनानी हैं। उन्होंने शाहरुख़ खान के घर पर शिव सैनिकों के प्रदर्शन और खासतौर पर शाहरुख़ को पाकिस्तान जाने की नसीहत पर मुख़्तसर सी बात कही है जो किसी भी गैरतमंद हिन्दुस्तानी को शर्मिंदा करने के लिए काफी है। उन्होंने कहा है कि जिन शिव सैनिकों का देश की आज़ादी के लिए लड़ने का कोई इतिहास नहीं है, उन्हें मालूम होना चाहिए कि शाहरुख़ के पिता ताज मोहम्मद खान स्वतंत्रता सेनानी थे। भारत छोड़ो आन्दोलन के दौरान वे और त्रिलोचन सिंह एक साथ पेशावर जेल में थे। देश का बंटवारा हुआ तो उन्होंने पाकिस्तान छोड़कर हिन्दुस्तान आना मुनासिब समझा। उनकी शादी जनरल शाहनवाज ने कराई थी जो आज़ाद हिंद फ़ौज के सिपहसालार थे।
पुनश्च: शुक्र है, ताज मोहम्मद साहब अब नहीं हैं, वर्ना उन पर जाने क्या गुजरती।